अभिकथन: अभिक्रिया की कोटि का मान भिन्नात्मक हो सकता है।
कारण: अभिक्रिया की कोटि को अभिक्रिया के संतुलित समीकरण से नहीं लिखा जा सकता है।

  • A
    यदि अभिकथन और कारण दोनों सही हैं और कारण,अभिकथन की सही व्याख्या है।
  • B
    यदि अभिकथन और कारण दोनों सही हैं लेकिन कारण,अभिकथन की सही व्याख्या नहीं है।
  • C
    यदि अभिकथन सही है लेकिन कारण गलत है।
  • D
    यदि अभिकथन और कारण दोनों गलत हैं।

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अभिक्रिया $2NO_{(g)} + O_{2(g)} \rightleftharpoons 2NO_{2(g)}$ प्रथम कोटि की है। यदि अभिक्रिया पात्र का आयतन घटाकर $1/3$ कर दिया जाए,तो अभिक्रिया का वेग .......... गुना हो जाएगा।

तृतीय कोटि की अभिक्रिया के लिए वेग स्थिरांक $K$ की इकाई . . . . . . है।

अभिक्रिया $2FeCl_3 + SnCl_2 \to 2FeCl_2 + SnCl_4$ किसका उदाहरण है?

प्रथम,द्वितीय और तृतीय कोटि की $3$ अभिक्रियाओं के लिए दर स्थिरांक समान है,जहाँ सांद्रता की इकाई मोल प्रति लीटर है। यदि अभिकारक की सांद्रता इकाई $(1)$ है,तो अभिक्रिया की दर $R_1, R_2, R_3$ क्या होगी?

निम्नलिखित अभिक्रिया की कोटि (order) और आण्विकता (molecularity) क्या है?
$NO_{2(g)} + NO_{2(g)} \longrightarrow 2NO_{(g)} + O_{2(g)}$

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