एक्टिनोइड्स द्वारा लैंथेनोइड्स की तुलना में ऑक्सीकरण अवस्थाओं की अधिक संख्या प्रदर्शित की जाती है,इसका मुख्य कारण क्या है?

  • A
    $5f$ और $6d$ के बीच $4f$ और $5d$ कक्षकों की तुलना में कम ऊर्जा अंतर
  • B
    $5f$ और $6d$ के बीच $4f$ और $5d$ कक्षकों की तुलना में अधिक ऊर्जा अंतर
  • C
    लैंथेनोइड्स की तुलना में एक्टिनोइड्स की कम प्रतिक्रियाशील प्रकृति
  • D
    $4f$ कक्षक $5f$ कक्षकों की तुलना में अधिक विसरित (diffused) होते हैं

Explore More

Similar Questions

अभिकथन : एक्टिनाइड्स के चुंबकीय आघूर्ण (magnetic moment) के मान सैद्धांतिक रूप से अनुमानित मानों से कम होते हैं।
कारण : एक्टिनाइड तत्व प्रबल अनुचुंबकीय (paramagnetic) होते हैं।

आइंस्टीनियम का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास है : (आइंस्टीनियम की परमाणु संख्या $= 99$ दी गई है)

निम्नलिखित में से कौन सा लैंथेनॉइड केवल $+3$ ऑक्सीकरण अवस्था प्रदर्शित करता है?

निर्धारित करें कि निम्नलिखित कथन सत्य $(T)$ हैं या असत्य $(F)$:
$(a)$ एक्टिनॉइड संकुचन,लैंथेनॉइड संकुचन से अधिक होता है।
$(b)$ एक्टिनॉइड्स $4f$ श्रेणी के तत्व हैं।
$(c)$ सभी एक्टिनॉइड तत्वों में $7s^2$ विन्यास होता है।

Difficult
View Solution

यूरेनियम अयस्क $U_3O_8$ में प्राकृतिक रूप से अल्प मात्रा में कौन से ट्रांसयूरेनिक तत्व मौजूद होते हैं?

Vedclass Products

For Students

Vedclass Test Series

Mock tests in real JEE/NEET style with performance analysis. 5-day free trial.

Start Free Trial
For Teachers

Exam Paper Generator

Generate Set A/B/C/D exam papers from 7.5L+ questions in 2 minutes. 3 chapters free.

Try Free
For Institutes

Online Exam Module

Live online exams with unlimited students, 360° analytics & white-label branding.

See Demo