अ Hindi

Mix Examples- Biomolecules Questions in Hindi

Class 11 Biology · Biomolecules · Mix Examples- Biomolecules

333+

Questions

Hindi

Language

100%

With Solutions

Showing 50 of 333 questions in Hindi

151
MediumMCQ
जल के किस गुण के कारण पर्यावरण में ऊष्मा के अवशोषण या उत्सर्जन के बावजूद जल के तापमान में कोई विशेष परिवर्तन नहीं होता है?
A
ऊष्मा
B
विशिष्ट ऊष्मा
C
उच्च विशिष्ट ऊष्मा
D
विशिष्ट ऊर्जा

Solution

(C) जल में $High \ Specific \ Heat$ (उच्च विशिष्ट ऊष्मा) का गुण होता है।
इसका अर्थ यह है कि जल अपने तापमान में बहुत कम परिवर्तन के साथ बड़ी मात्रा में ऊष्मीय ऊर्जा को अवशोषित या उत्सर्जित कर सकता है।
यह गुण जैविक प्रणालियों और पर्यावरण में स्थिर तापमान बनाए रखने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है,क्योंकि यह एक थर्मल बफर के रूप में कार्य करता है।
152
EasyMCQ
किस तापमान पर पानी का घनत्व अधिकतम होता है ($^\circ \text{C}$ में)?
A
$100$
B
$10$
C
$365$
D
$4$

Solution

(D) पानी एक अद्वितीय गुण प्रदर्शित करता है जिसे पानी का असामान्य प्रसार कहा जाता है।
जब पानी को कमरे के तापमान से ठंडा किया जाता है,तो इसका घनत्व $4^\circ \text{C}$ तक बढ़ता है।
$4^\circ \text{C}$ पर,पानी के अणु सबसे निकटतम रूप से व्यवस्थित होते हैं,जिसके परिणामस्वरूप इसका घनत्व अधिकतम $1 \text{ g/cm}^3$ होता है।
$4^\circ \text{C}$ से नीचे के तापमान पर,हाइड्रोजन बॉन्डिंग संरचना के कारण पानी के अणु बर्फ की क्रिस्टलीय जाली बनाना शुरू कर देते हैं,जिससे अणुओं के बीच की दूरी बढ़ जाती है और घनत्व कम हो जाता है।
इसलिए,पानी का घनत्व $4^\circ \text{C}$ पर अधिकतम होता है।
153
MediumMCQ
जल के किस गुण के कारण सजीव के शरीर के प्रत्येक भाग में ऊष्मा का समान रूप से वितरण होता है?
A
जल की ऊष्मीय चालकता कम होने के कारण
B
जल की ऊष्मीय चालकता अधिक होने के कारण
C
जल की ऊष्मीय चालकता शून्य होने के कारण
D
जल की ऊष्मीय चालकता सामान्य होने के कारण

Solution

(B) अन्य अधिकांश तरल पदार्थों की तुलना में जल की ऊष्मीय चालकता (thermal conductivity) बहुत अधिक होती है। यह गुण जल को सजीव के शरीर में ऊष्मा का कुशलतापूर्वक संचालन और वितरण करने की अनुमति देता है,जिससे शरीर का तापमान समान बना रहता है। अतः,जल की उच्च ऊष्मीय चालकता ऊष्मा के समान वितरण के लिए उत्तरदायी है।
154
EasyMCQ
कई जैव रासायनिक अभिक्रियाओं के लिए $H^+$ और $OH^-$ आयन निम्नलिखित में से किससे प्राप्त होते हैं?
A
विलयन
B
विलेय
C
अल्कोहल
D
जल

Solution

(D) जल $(H_2O)$ जैविक प्रणालियों में सार्वत्रिक विलायक (universal solvent) के रूप में कार्य करता है।
यह स्वतः-आयनीकरण (auto-ionization) के माध्यम से $H^+$ और $OH^-$ आयन उत्पन्न करता है,जो कोशिका के भीतर जल-अपघटन (hydrolysis) और अम्ल-क्षार उत्प्रेरण सहित विभिन्न जैव रासायनिक अभिक्रियाओं के लिए आवश्यक हैं।
अतः,जैविक प्रक्रियाओं में इन आयनों का प्राथमिक स्रोत जल है।
155
EasyMCQ
जल के दो अणुओं के बीच किस प्रकार का बंध पाया जाता है?
A
हाइड्रोजन-बंध
B
पेप्टाइड-बंध
C
ग्लाइकोसिडिक बंध
D
आयनिक बंध

Solution

(A) जल के अणु $(H_2O)$ प्रकृति में ध्रुवीय होते हैं। ऑक्सीजन परमाणु हाइड्रोजन परमाणुओं की तुलना में अधिक विद्युत ऋणात्मक होता है,जिससे ऑक्सीजन पर आंशिक ऋण आवेश और हाइड्रोजन पर आंशिक धन आवेश उत्पन्न होता है। इस ध्रुवीयता के कारण,एक जल के अणु का हाइड्रोजन परमाणु दूसरे जल के अणु के ऑक्सीजन परमाणु की ओर आकर्षित होता है,जिससे एक कमजोर स्थिर वैद्युत आकर्षण बनता है जिसे $Hydrogen$ $bond$ (हाइड्रोजन-बंध) कहा जाता है।
156
MediumMCQ
सजीव के शरीर में ऊष्मा का वितरण समान रूप से होता है,क्योंकि...
A
जल का घनत्व सबसे अधिक होता है।
B
जल की ऊष्मीय चालकता अधिक होती है।
C
जल के अणुओं के बीच ससंजक बल अधिक होता है।
D
जल में बहुत उच्च विशिष्ट ऊष्मा और गुप्त ऊष्मा होती है।

Solution

(D) जल सजीवों में एक तापीय बफर (thermal buffer) के रूप में कार्य करता है। इसकी विशिष्ट ऊष्मा धारिता बहुत अधिक होती है,जिसका अर्थ है कि यह अपने स्वयं के तापमान में न्यूनतम परिवर्तन के साथ बड़ी मात्रा में ऊष्मा को अवशोषित या मुक्त कर सकता है। इसके अतिरिक्त,इसकी वाष्पीकरण की उच्च गुप्त ऊष्मा शरीर को ठंडा रखने में मदद करती है। ये गुण जल को पूरे शरीर में समान रूप से ऊष्मा वितरित करने की अनुमति देते हैं,जिससे आंतरिक वातावरण (समस्थापन) स्थिर बना रहता है।
157
MediumMCQ
$P$: झील या समुद्र का पानी पूरी तरह से बर्फ में नहीं बदलता है।
$Q$: पानी की गुप्त ऊष्मा बहुत अधिक होती है।
A
कथन $P$ सत्य है और कथन $Q$ असत्य है।
B
कथन $P$ और $Q$ दोनों सत्य हैं। कथन $Q$,कथन $P$ की सही व्याख्या है।
C
कथन $P$ और कथन $Q$ दोनों असत्य हैं।
D
कथन $P$ और $Q$ दोनों सत्य हैं। कथन $Q$,कथन $P$ की सही व्याख्या नहीं है।

Solution

(B) कथन $P$ सत्य है क्योंकि झील और समुद्र जैसे बड़े जल निकाय अपनी उच्च विशिष्ट ऊष्मा धारिता और बर्फ के कुचालक गुणों के कारण पूरी तरह से नहीं जमते हैं।
कथन $Q$ सत्य है क्योंकि पानी की गलन की गुप्त ऊष्मा और वाष्पीकरण की गुप्त ऊष्मा बहुत अधिक होती है,जो इसे तापमान में बड़े बदलाव के बिना बड़ी मात्रा में गर्मी को अवशोषित या मुक्त करने की अनुमति देती है।
चूंकि पानी की उच्च गुप्त ऊष्मा और उच्च विशिष्ट ऊष्मा धारिता बड़े जल निकायों को जमने से रोकती है,इसलिए कथन $Q$,कथन $P$ की सही वैज्ञानिक व्याख्या प्रदान करता है।
158
EasyMCQ
दी गई आकृति में,'$a$' द्वारा दर्शाया गया बंध कोण कितना है ($^\circ$ में)?
Question diagram
A
$108$
B
$104.5$
C
$95.84$
D
$90$

Solution

(B) यह आकृति जल $(H_2O)$ के अणु को दर्शाती है।
जल के अणु में,ऑक्सीजन परमाणु $sp^3$ संकरण में होता है।
ऑक्सीजन परमाणु पर दो एकाकी इलेक्ट्रॉन युग्मों (lone pairs) की उपस्थिति के कारण,बंध कोण आदर्श चतुष्फलकीय कोण $109.5^\circ$ से घटकर लगभग $104.5^\circ$ हो जाता है।
159
EasyMCQ
विटामिन का कौन सा समूह वसा में घुलनशील है?
A
$Vit. A, B, C$
B
$Vit. B, C, D$
C
$Vit. C, D, E$
D
$Vit. A, D, E$

Solution

(D) विटामिन को उनकी घुलनशीलता के आधार पर दो श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है: जल में घुलनशील और वसा में घुलनशील।
जल में घुलनशील विटामिन में $Vit. B$ कॉम्प्लेक्स और $Vit. C$ शामिल हैं।
वसा में घुलनशील विटामिन में $Vit. A, D, E$ और $K$ शामिल हैं।
इसलिए,वसा में घुलनशील विटामिन वाला समूह $Vit. A, D, E$ है।
160
MediumMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा पदार्थ फलों के रस में पाया जाता है?
A
फ्रुक्टोज (कीटोज शर्करा)
Option A
B
ग्लूकोज (एल्डोज शर्करा)
Option B
C
डीऑक्सीराइबोज शर्करा
Option C
D
फ्रुक्टोज (वैकल्पिक आइसोमर)
Option D

Solution

(A) फलों के रस में मुख्य रूप से फ्रुक्टोज पाया जाता है,जो एक प्राकृतिक मोनोसैकेराइड है जिसे फलों की शर्करा (fruit sugar) के रूप में जाना जाता है।
फ्रुक्टोज एक कीटोज शर्करा है,जिसका अर्थ है कि इसमें कीटोन कार्यात्मक समूह होता है।
विकल्प $A$ में दिखाया गया ढांचा एक कीटोज शर्करा (विशेष रूप से $D$-फ्रुक्टोज) का प्रतिनिधित्व करता है,जो आमतौर पर फलों में पाया जाता है।
ग्लूकोज (विकल्प $B$) एक एल्डोज शर्करा है।
डीऑक्सीराइबोज (विकल्प $C$) $DNA$ में पाई जाने वाली एक पेंटोज शर्करा है।
इसलिए,फलों के रस में पाई जाने वाली शर्करा का सही ढांचा विकल्प $A$ है।
161
MediumMCQ
दिए गए पदार्थ के लिए कौन सा विकल्प असंगत है?
Question diagram
A
यह एक एल्डोहेक्सोस शर्करा है।
B
यह स्टार्च के जलअपघटन से प्राप्त होता है।
C
इसका जलअपघटन संभव नहीं है।
D
यह शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है।

Solution

(C) दी गई संरचना ग्लूकोज $(C_6H_{12}O_6)$ की है।
$1$. ग्लूकोज एक एल्डोहेक्सोस शर्करा है क्योंकि इसमें एक एल्डिहाइड समूह और छह कार्बन परमाणु होते हैं।
$2$. ग्लूकोज एक मोनोसैकेराइड है,जिसका अर्थ है कि इसे और अधिक सरल कार्बोहाइड्रेट में जलअपघटित नहीं किया जा सकता है।
$3$. स्टार्च एक पॉलीसैकेराइड है और इसके पूर्ण जलअपघटन से ग्लूकोज प्राप्त होता है। ग्लूकोज स्वयं जलअपघटन का अंतिम उत्पाद है,इसलिए इसका और अधिक जलअपघटन संभव नहीं है।
$4$. ग्लूकोज शरीर के लिए ऊर्जा का प्राथमिक स्रोत है।
अतः,दिए गए सभी कथन ग्लूकोज के लिए सत्य हैं।
162
MediumMCQ
कौन सा कार्बोहाइड्रेट प्लाज्मा झिल्ली के लिए अपारगम्य है?
A
मोनोसैकेराइड
B
डाईसैकेराइड
C
पॉलीसैकेराइड
D
$B$ और $C$ दोनों

Solution

(D) प्लाज्मा झिल्ली एक चयनात्मक पारगम्य झिल्ली है।
छोटे,अनावेशित या लिपिड में घुलनशील अणु झिल्ली से आसानी से गुजर सकते हैं।
मोनोसैकेराइड (जैसे ग्लूकोज) विशिष्ट परिवहन प्रोटीन के माध्यम से झिल्ली के पार ले जाए जा सकते हैं।
हालाँकि,डाईसैकेराइड और पॉलीसैकेराइड बड़े और ध्रुवीय अणु होते हैं जो साधारण विसरण द्वारा लिपिड द्विपरत को पार नहीं कर सकते हैं और आमतौर पर उन्हें गुजरने के लिए विशिष्ट तंत्र की आवश्यकता होती है या वे आकार में इतने बड़े होते हैं कि वे प्लाज्मा झिल्ली के लिए अपारगम्य माने जाते हैं।
163
MediumMCQ
निम्नलिखित कॉलम का मिलान करें:
कॉलम-$I$ कॉलम-$II$
$1$. ओलिएट $a$. ट्रायोज शर्करा
$2$. ट्राईहाइड्रॉक्सी अल्कोहल $b$. असंतृप्त फैटी एसिड
$3$. ग्लिसरल्डिहाइड $c$. सबक्यूटेनियस वसा परत
$4$. एमाइलोपेक्टिन $d$. ग्लिसरॉल
$5$. एर्गोस्टेरॉल $e$. ग्लूकोज इकाइयों की शाखित श्रृंखला
A
$1-b, 2-d, 3-a, 4-e, 5-c$
B
$1-b, 2-a, 3-d, 4-e, 5-c$
C
$1-b, 2-e, 3-a, 4-c, 5-d$
D
$1-e, 2-d, 3-a, 4-b, 5-c$

Solution

(A) सही मिलान इस प्रकार है:
$1$. ओलिएट एक असंतृप्त फैटी एसिड है $(1-b)$.
$2$. ग्लिसरॉल एक ट्राईहाइड्रॉक्सी अल्कोहल है $(2-d)$.
$3$. ग्लिसरल्डिहाइड एक ट्रायोज शर्करा है $(3-a)$.
$4$. एमाइलोपेक्टिन ग्लूकोज इकाइयों की एक शाखित श्रृंखला है $(4-e)$.
$5$. एर्गोस्टेरॉल सबक्यूटेनियस वसा परत में पाया जाने वाला एक स्टेरॉल है $(5-c)$.
अतः,सही क्रम $1-b, 2-d, 3-a, 4-e, 5-c$ है।
164
MediumMCQ
कार्बनिक यौगिकों में मुख्य रासायनिक बंध किन परमाणुओं के बीच बनते हैं?
A
$C-N$
B
$C-C$
C
$C-H$
D
$(B)$ और $(C)$ दोनों

Solution

(D) कार्बनिक यौगिकों को कार्बन परमाणुओं की उपस्थिति से परिभाषित किया जाता है।
इन अणुओं में,कार्बन परमाणु अणु का ढांचा बनाने के लिए अन्य कार्बन परमाणुओं के साथ स्थिर सहसंयोजक बंध ($C-C$ बंध) बनाते हैं।
इसके अतिरिक्त,कार्बन परमाणु अक्सर हाइड्रोजन परमाणुओं के साथ सहसंयोजक बंध ($C-H$ बंध) बनाते हैं।
इसलिए,$C-C$ और $C-H$ दोनों बंध कार्बनिक रसायन विज्ञान में मौलिक हैं।
165
EasyMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा वसा में घुलनशील विटामिन है?
A
$A$
B
$D$
C
$E$
D
उपरोक्त सभी

Solution

(D) विटामिन को उनकी घुलनशीलता के आधार पर दो श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है: जल में घुलनशील और वसा में घुलनशील।
जल में घुलनशील विटामिन में विटामिन $B$ कॉम्प्लेक्स और विटामिन $C$ शामिल हैं।
वसा में घुलनशील विटामिन में विटामिन $A$, $D$, $E$ और $K$ शामिल हैं।
चूंकि विकल्प $A$, $D$ और $E$ तीनों वसा में घुलनशील हैं, इसलिए सही उत्तर "उपरोक्त सभी" है।
166
MediumMCQ
कार्बन स्वयं के साथ और अन्य कार्यात्मक समूहों के साथ जुड़कर विभिन्न प्रकार के यौगिक क्यों बनाता है?
A
इसकी चतुःसंयोजकता के कारण
B
इसका परमाणु क्रमांक $12$ होने के कारण
C
इसका परमाणु भार $12$ होने के कारण
D
इसके वायुमंडलीय घटक होने के कारण

Solution

(A) कार्बन में श्रृंखलन (catenation) नामक एक अनूठा गुण होता है,जो अन्य कार्बन परमाणुओं के साथ स्थिर बंधन बनाकर लंबी श्रृंखलाएं,शाखित संरचनाएं या वलय बनाने की क्षमता है।
इसके अतिरिक्त,कार्बन चतुःसंयोजक (tetravalent) होता है,जिसका अर्थ है कि इसमें $4$ संयोजी इलेक्ट्रॉन होते हैं,जो इसे हाइड्रोजन,ऑक्सीजन,नाइट्रोजन और सल्फर जैसे विभिन्न अन्य परमाणुओं के साथ-साथ विभिन्न कार्यात्मक समूहों के साथ $4$ सहसंयोजक बंधन बनाने की अनुमति देते हैं।
ये दो गुण,श्रृंखलन और चतुःसंयोजकता,कार्बन यौगिकों की विशाल विविधता के मुख्य कारण हैं।
167
MediumMCQ
निम्नलिखित कॉलम का मिलान करें:
कॉलम-$I$कॉलम-$II$
$(A)$ डाइसैकेराइड$(i)$ असंतृप्त फैटी एसिड
$(B)$ गैलेक्टोज$(ii)$ संतृप्त फैटी एसिड
$(C)$ ओलिक एसिड$(iii)$ मोनोसैकेराइड
$(D)$ स्टीयरिक एसिड$(iv)$ मोनोसैकेराइड युग्म
A
$A-iv, B-iii, C-i, D-ii$
B
$A-iii, B-i, C-iv, D-ii$
C
$A-i, B-iv, C-ii, D-iii$
D
$A-ii, B-i, C-iii, D-iv$

Solution

$(A)$ डाइसैकेराइड दो मोनोसैकेराइड इकाइयों से बना एक कार्बोहाइड्रेट है, इसलिए यह $(iv)$ मोनोसैकेराइड युग्म के साथ मेल खाता है।
$(B)$ गैलेक्टोज एक सरल शर्करा है, जो $(iii)$ मोनोसैकेराइड है।
$(C)$ ओलिक एसिड प्रकृति में पाया जाने वाला एक सामान्य $(i)$ असंतृप्त फैटी एसिड है।
$(D)$ स्टीयरिक एसिड एक सामान्य $(ii)$ संतृप्त फैटी एसिड है।
अतः, सही मिलान $A-iv, B-iii, C-i, D-ii$ है।
168
MediumMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा कार्बनिक यौगिकों का समूह नहीं है?
A
वसा,प्रोटीन,एंजाइम,हार्मोन
B
सह-एंजाइम,हार्मोन,जल,खनिज लवण
C
प्रोटीन,कार्बोहाइड्रेट,न्यूक्लिक एसिड,हार्मोन
D
प्रोटीन,कार्बोहाइड्रेट,वसा,एंजाइम

Solution

(B) कार्बनिक यौगिक कार्बन-आधारित अणु होते हैं जो जीवन के लिए आवश्यक हैं,जैसे कि प्रोटीन,कार्बोहाइड्रेट,लिपिड (वसा),न्यूक्लिक एसिड,एंजाइम और हार्मोन।
जल $(H_2O)$ और खनिज लवण (अकार्बनिक आयन जैसे $Na^+$,$Cl^-$,$Ca^{2+}$ आदि) को अकार्बनिक यौगिकों के रूप में वर्गीकृत किया जाता है क्योंकि इनमें कार्बन-कार्बन या कार्बन-हाइड्रोजन बंध नहीं होते हैं।
इसलिए,जिस समूह में जल और खनिज लवण शामिल हैं,वह कार्बनिक यौगिकों का समूह नहीं है।
169
MediumMCQ
निम्नलिखित कॉलम का मिलान करें:
कॉलम $I$कॉलम $II$
$(a)$ फ्रुक्टोज$(p)$ श्वसन क्रियाधार
$(b)$ ग्लूकोज$(q)$ फलों के रस में पाया जाता है
$(c)$ स्टार्च$(r)$ दूध की मिठास के लिए जिम्मेदार
$(d)$ गैलेक्टोज$(s)$ पौधों में संचित भोजन
A
$(a-q), (b-p), (c-r), (d-s)$
B
$(a-r), (b-s), (c-p), (d-q)$
C
$(a-q), (b-p), (c-s), (d-r)$
D
$(a-p), (b-q), (c-r), (d-s)$

Solution

(C) सही मिलान इस प्रकार है:
$(a)$ फ्रुक्टोज एक मोनोसैकेराइड है जो आमतौर पर फलों के रस में पाया जाता है, इसलिए $(a-q)$।
$(b)$ ग्लूकोज ऊर्जा उत्पादन के लिए कोशिकाओं द्वारा उपयोग किया जाने वाला प्राथमिक श्वसन क्रियाधार है, इसलिए $(b-p)$।
$(c)$ स्टार्च एक पॉलीसैकेराइड है जो पौधों में संचित भोजन के रूप में कार्य करता है, इसलिए $(c-s)$।
$(d)$ गैलेक्टोज लैक्टोज (दूध की शर्करा) का एक घटक है और यह दूध की मिठास के लिए जिम्मेदार है, इसलिए $(d-r)$।
अतः, सही क्रम $(a-q), (b-p), (c-s), (d-r)$ है।
170
MediumMCQ
निम्नलिखित कॉलम का मिलान करें:
कॉलम $I$कॉलम $II$
$(A)$ क्लोरीन$(i)$ पौधों के हवाई अंगों की बाहरी सतह
$(B)$ $DHAP$$(ii)$ पादप कोशिका भित्ति का संरचनात्मक घटक
$(C)$ सेलुलोज$(iii)$ रक्त में परासरण नियमन (Osmoregulation)
$(D)$ क्रोटोनिक एसिड$(iv)$ फॉस्फोराइलेटेड कीटो ट्रायोज
$(E)$ मोम$(v)$ असंतृप्त फैटी एसिड
A
$(A-iii), (B-iv), (C-ii), (D-v), (E-i)$
B
$(A-ii), (B-v), (C-iv), (D-iii), (E-i)$
C
$(A-v), (B-iv), (C-i), (D-ii), (E-iii)$
D
$(A-iv), (B-ii), (C-i), (D-iii), (E-v)$

Solution

(A) सही मिलान इस प्रकार है:
$(A)$ क्लोरीन: $(iii)$ यह रक्त में परासरण नियमन (Osmoregulation) में भूमिका निभाता है।
$(B)$ $DHAP$ (डाइहाइड्रॉक्सीएसीटोन फॉस्फेट): $(iv)$ यह ग्लाइकोलाइसिस के दौरान बनने वाली एक फॉस्फोराइलेटेड कीटो ट्रायोज शर्करा है।
$(C)$ सेलुलोज: $(ii)$ यह एक पॉलीसैकराइड है जो पादप कोशिका भित्ति के संरचनात्मक घटक के रूप में कार्य करता है।
$(D)$ क्रोटोनिक एसिड: $(v)$ यह एक असंतृप्त फैटी एसिड है।
$(E)$ मोम: $(i)$ यह पौधों के हवाई अंगों की बाहरी सतह पर एक सुरक्षात्मक परत बनाता है ताकि पानी की हानि को रोका जा सके।
अतः, सही क्रम $(A-iii), (B-iv), (C-ii), (D-v), (E-i)$ है।
171
EasyMCQ
कौन सा फॉस्फेट-युक्त यौगिक ऊर्जा विनिमय (energy exchange) अभिक्रियाओं में भाग लेता है?
A
$PGAL$
B
$DHAP$
C
$ATP$
D
$RuBP$

Solution

(C) $ATP$ (एडेनोसिन ट्राइफॉस्फेट) को कोशिका की ऊर्जा मुद्रा (energy currency) कहा जाता है।
इसमें उच्च-ऊर्जा वाले फॉस्फेट बंध होते हैं।
जब $ATP$ का जल-अपघटन होकर $ADP$ (एडेनोसिन डाइफॉस्फेट) और अकार्बनिक फॉस्फेट $(\Pi)$ बनता है,तो बड़ी मात्रा में ऊर्जा मुक्त होती है,जिसका उपयोग विभिन्न जैविक प्रक्रियाओं को संचालित करने के लिए किया जाता है।
इसलिए,यह जीवित जीवों में ऊर्जा विनिमय में शामिल मुख्य अणु है।
172
EasyMCQ
जल के अणु में $H-O-H$ के बीच का बंध कोण ......... है। ($^o$ में)
A
$191.68$
B
$95.84$
C
$59.84$
D
$104.45$

Solution

(D) जल के अणु $(H_2O)$ में,ऑक्सीजन परमाणु $sp^3$ संकरित होता है।
ऑक्सीजन परमाणु पर दो एकाकी इलेक्ट्रॉन युग्मों (lone pairs) की उपस्थिति के कारण,एकाकी युग्म-बंध युग्म प्रतिकर्षण के कारण आदर्श चतुष्फलकीय कोण $109.5^o$ से घटकर $104.45^o$ हो जाता है।
अतः,सही बंध कोण $104.45^o$ है।
173
MediumMCQ
$X$ और $Y$ के लिए सही मिलान का चयन करें।
कॉलम $X$कॉलम $Y$
$(1)$ ओलिक एसिड$(P)$ ट्रायोज शर्करा
$(2)$ ट्राईहाइड्रॉक्सी अल्कोहल$(Q)$ असंतृप्त फैटी एसिड
$(3)$ ग्लिसराल्डिहाइड$(R)$ सबक्यूटेनियस वसा
$(4)$ एमायलोपेक्टिन$(S)$ ग्लिसरॉल
$(5)$ कोलेस्ट्रॉल$(T)$ ग्लूकोज इकाइयों की शाखित श्रृंखला
A
$(1-Q), (2-S), (3-P), (4-T), (5-R)$
B
$(1-Q), (2-P), (3-S), (4-T), (5-R)$
C
$(1-Q), (2-T), (3-P), (4-R), (5-S)$
D
$(1-T), (2-S), (3-P), (4-Q), (5-R)$

Solution

(A) सही मिलान इस प्रकार हैं:
$(1)$ ओलिक एसिड एक असंतृप्त फैटी एसिड है $(Q)$।
$(2)$ ट्राईहाइड्रॉक्सी अल्कोहल ग्लिसरॉल है $(S)$।
$(3)$ ग्लिसराल्डिहाइड एक ट्रायोज शर्करा है $(P)$।
$(4)$ एमायलोपेक्टिन ग्लूकोज इकाइयों की एक शाखित श्रृंखला है $(T)$।
$(5)$ कोलेस्ट्रॉल सबक्यूटेनियस वसा में पाया जाने वाला एक लिपिड है $(R)$।
अतः, सही क्रम $(1-Q), (2-S), (3-P), (4-T), (5-R)$ है।
174
MediumMCQ
$X$ और $Y$ के लिए सही मिलान चुनें।
स्तंभ $X$स्तंभ $Y$
$(1)$ स्टार्च$(P)$ जंतुओं के कंकाल ऊतकों में पाया जाता है
$(2)$ ग्लाइकोजन$(Q)$ पौधों में संचित भोजन का रूप
$(3)$ काइटिन$(R)$ दृढ़ोतक ऊतक में मजबूती प्रदान करता है
$(4)$ लिग्निन$(S)$ जंतुओं में संचित भोजन का रूप
A
$(1-S), (2-P), (3-R), (4-Q)$
B
$(1-P), (2-R), (3-S), (4-Q)$
C
$(1-P), (2-Q), (3-R), (4-S)$
D
$(1-Q), (2-S), (3-P), (4-R)$

Solution

(D) सही मिलान इस प्रकार हैं:
$(1)$ स्टार्च पौधों में संचित भोजन का प्राथमिक रूप है,जो $(Q)$ से मेल खाता है।
$(2)$ ग्लाइकोजन जंतुओं में संचित भोजन का रूप है (जिसे जंतु स्टार्च भी कहा जाता है),जो $(S)$ से मेल खाता है।
$(3)$ काइटिन एक संरचनात्मक पॉलीसैकराइड है जो आर्थ्रोपोड्स के बाह्य कंकाल में पाया जाता है,जो $(P)$ से मेल खाता है।
$(4)$ लिग्निन एक जटिल बहुलक है जो पौधों के दृढ़ोतक (sclerenchyma) ऊतकों की कोशिका भित्ति को संरचनात्मक सहारा और मजबूती प्रदान करता है,जो $(R)$ से मेल खाता है।
अतः,सही क्रम $(1-Q), (2-S), (3-P), (4-R)$ है।
175
DifficultMCQ
स्तंभ $X$,स्तंभ $Y$ और स्तंभ $Z$ के लिए सही संयोजन चुनें:
स्तंभ $X$ स्तंभ $Y$ स्तंभ $Z$
$(1)$ प्रकाश संश्लेषण की अंधकार अभिक्रिया $(A)$ गैलेक्टोज $(P)$ कीटोहेक्सोज
$(2)$ $DNA$ की संरचना $(B)$ फ्रुक्टोज $(Q)$ एल्डोपेंटोज
$(3)$ फलों का रस $(C)$ $PGAL$ $(R)$ एल्डोहेक्सोज
$(4)$ दूध का पाचन $(D)$ $C_5H_{10}O_4$ $(S)$ एल्डोट्रायोज
A
$(1-C-S), (2-D-Q), (3-B-P), (4-A-R)$
B
$(1-C-S), (2-D-Q), (3-B-P), (4-A-R)$
C
$(1-B-S), (2-D-Q), (3-C-P), (4-A-R)$
D
$(1-B-S), (2-A-R), (3-C-P), (4-D-Q)$

Solution

(B) सही मिलान इस प्रकार है:
$(1)$ प्रकाश संश्लेषण की अंधकार अभिक्रिया में $PGAL$ (फॉस्फोग्लिसराल्डिहाइड) शामिल है,जो एक एल्डोट्रायोज है। अतः,$(1-C-S)$।
$(2)$ $DNA$ की संरचना में डीऑक्सीराइबोज शर्करा होती है,जिसका सूत्र $C_5H_{10}O_4$ है और यह एक एल्डोपेंटोज है। अतः,$(2-D-Q)$।
$(3)$ फलों के रस में फ्रुक्टोज होता है,जो एक कीटोहेक्सोज है। अतः,$(3-B-P)$।
$(4)$ दूध के पाचन में लैक्टोज का ग्लूकोज और गैलेक्टोज में अपघटन होता है। गैलेक्टोज एक एल्डोहेक्सोज है। अतः,$(4-A-R)$।
अतः,सही संयोजन $(1-C-S), (2-D-Q), (3-B-P), (4-A-R)$ है।
176
MediumMCQ
$A$: जीवित जीव अपने पर्यावरण से विभिन्न अणुओं और तत्वों को प्राप्त करते हैं।
$R$: जीवित जीव अपने शरीर के लिए आवश्यक घटकों का संश्लेषण करते हैं।
A
$A$ और $R$ दोनों सही हैं और $R$,$A$ की सही व्याख्या है।
B
$A$ और $R$ दोनों सही हैं,लेकिन $R$,$A$ की सही व्याख्या नहीं है।
C
$A$ सही है और $R$ गलत है।
D
$A$ गलत है और $R$ सही है।

Solution

(B) जीवित जीव खुली प्रणालियाँ हैं जो अस्तित्व के लिए आवश्यक पोषक तत्वों,अणुओं और तत्वों को प्राप्त करने के लिए अपने पर्यावरण के साथ परस्पर क्रिया करती हैं। यह कथन $A$ द्वारा दर्शाया गया है। साथ ही,जीवित जीवों में विकास,मरम्मत और रखरखाव के लिए आवश्यक जटिल कार्बनिक यौगिकों (जैसे प्रोटीन,लिपिड और न्यूक्लिक एसिड) को सरल पूर्ववर्तियों से संश्लेषित करने के लिए चयापचय मार्ग होते हैं। यह कथन $R$ द्वारा दर्शाया गया है। हालाँकि दोनों कथन वैज्ञानिक रूप से सही हैं,लेकिन कथन $R$ यह नहीं बताता है कि जीवों को पर्यावरण से अणु क्यों प्राप्त करने चाहिए; बल्कि,यह जीवित प्रणालियों की एक अतिरिक्त क्षमता का वर्णन करता है। इसलिए,दोनों सही हैं,लेकिन $R$,$A$ की सही व्याख्या नहीं है।
177
MediumMCQ
$A$: जल एक कुशल विलायक है।
$R$: ध्रुवीय प्रकृति जल का एक महत्वपूर्ण गुण है।
A
$A$ और $R$ दोनों सही हैं और $R$,$A$ की सही व्याख्या है।
B
$A$ और $R$ दोनों सही हैं,लेकिन $R$,$A$ की सही व्याख्या नहीं है।
C
$A$ सही है और $R$ गलत है।
D
$A$ गलत है और $R$ सही है।

Solution

(A) जल $(H_2O)$ ऑक्सीजन और हाइड्रोजन परमाणुओं के बीच विद्युत ऋणात्मकता के अंतर के कारण एक ध्रुवीय अणु है।
इस ध्रुवीय प्रकृति के कारण,जल आयनिक यौगिकों और ध्रुवीय सहसंयोजक अणुओं सहित विभिन्न पदार्थों को घोल सकता है,जो इसे एक कुशल विलायक बनाता है।
अतः,जल की ध्रुवीय प्रकृति ही वह मूलभूत कारण है जिसके कारण यह एक कुशल विलायक के रूप में कार्य करता है।
इसलिए,$A$ और $R$ दोनों सही हैं और $R$,$A$ की सही व्याख्या है।
178
MediumMCQ
दी गई आकृति में किस अणु की संरचना दिखाई गई है?
Question diagram
A
$NH_2$
B
$CO_2$
C
$H_2O$
D
$H_2S$

Solution

(C) यह आकृति पानी के कई अणुओं $(H_2O)$ को हाइड्रोजन बॉन्डिंग के माध्यम से एक-दूसरे के साथ परस्पर क्रिया करते हुए दिखाती है। '$A$' के रूप में चिह्नित टूटी हुई रेखा एक पानी के अणु के ऑक्सीजन परमाणु और दूसरे पानी के अणु के हाइड्रोजन परमाणु के बीच एक हाइड्रोजन बंधन का प्रतिनिधित्व करती है। पानी एक ध्रुवीय अणु है,और हाइड्रोजन बंधों का यह नेटवर्क तरल या ठोस अवस्था में इसकी संरचना की विशेषता है।
179
EasyMCQ
दी गई आकृति में $A$ क्या दर्शाता है?
Question diagram
A
सहसंयोजक बंध
B
आयनिक बंध
C
सल्फर बंध
D
हाइड्रोजन बंध

Solution

(D) आकृति में पानी $(H_2O)$ के कई अणु एक-दूसरे के साथ परस्पर क्रिया करते हुए दिखाए गए हैं।
टूटी हुई रेखाएं एक पानी के अणु के आंशिक रूप से धनात्मक हाइड्रोजन परमाणु और निकटवर्ती पानी के अणु के आंशिक रूप से ऋणात्मक ऑक्सीजन परमाणु के बीच कमजोर स्थिरवैद्युत आकर्षण को दर्शाती हैं।
इस विशिष्ट प्रकार की परस्पर क्रिया को हाइड्रोजन बंध के रूप में जाना जाता है।
इसलिए,$A$ हाइड्रोजन बंध को दर्शाता है।
180
EasyMCQ
दी गई आकृति में पानी के कितने अणु मौजूद हैं?
Question diagram
A
दो
B
तीन
C
पाँच
D
चार

Solution

(C) दी गई आकृति का अवलोकन करने पर,हम पानी के व्यक्तिगत अणुओं $(H_2O)$ की पहचान कर सकते हैं। प्रत्येक अणु एक बड़े ऑक्सीजन परमाणु और दो छोटे हाइड्रोजन परमाणुओं से बना होता है। आरेख में इन अलग-अलग इकाइयों की गिनती करने पर कुल $5$ पानी के अणु दिखाई देते हैं। टूटी हुई रेखाएं इन अणुओं को जोड़ने वाले हाइड्रोजन बंधों को दर्शाती हैं।
181
MediumMCQ
दी गई आकृति में दिखाए गए जल के अणुओं में कुल कितने सहसंयोजक बंध (covalent bonds) मौजूद हैं?
Question diagram
A
$5$
B
$10$
C
$15$
D
$6$

Solution

(B) आकृति में $5$ जल $(H_2O)$ के अणु दिखाए गए हैं।
प्रत्येक जल के अणु में ऑक्सीजन परमाणु और दो हाइड्रोजन परमाणुओं के बीच $2$ सहसंयोजक बंध होते हैं।
चूंकि यहाँ $5$ जल के अणु हैं,इसलिए सहसंयोजक बंधों की कुल संख्या $5 \times 2 = 10$ होगी।
अतः,सही विकल्प $B$ है।
182
MediumMCQ
निम्नलिखित में से कौन से नाइट्रोजनयुक्त कार्बनिक यौगिक हैं?
A
लिपिड,प्रोटीन
B
न्यूक्लिक एसिड,लिपिड
C
कार्बोहाइड्रेट,प्रोटीन
D
प्रोटीन,एंजाइम

Solution

(D) नाइट्रोजनयुक्त कार्बनिक यौगिक वे होते हैं जिनमें उनकी आणविक संरचना में नाइट्रोजन मौजूद होता है।
$1$. प्रोटीन अमीनो एसिड के बहुलक (polymers) हैं,और प्रत्येक अमीनो एसिड में एक अमीनो समूह $(-NH_2)$ होता है,जो प्रोटीन को नाइट्रोजनयुक्त बनाता है।
$2$. एंजाइम मुख्य रूप से प्रोटीन होते हैं (राइबोजाइम जैसे अपवादों को छोड़कर जो $RNA$ हैं),इसलिए वे भी नाइट्रोजनयुक्त होते हैं।
$3$. लिपिड और कार्बोहाइड्रेट आमतौर पर कार्बन,हाइड्रोजन और ऑक्सीजन से बने होते हैं और उनकी मूल संरचना में नाइट्रोजन नहीं होता है।
$4$. न्यूक्लिक एसिड ($DNA$ और $RNA$) में नाइट्रोजनयुक्त क्षार होते हैं,लेकिन दिए गए विकल्पों में से प्रोटीन और एंजाइम की जोड़ी सबसे सटीक है,इसलिए विकल्प $D$ सही उत्तर है।
183
MediumMCQ
जल सामान्यतः तरल अवस्था में पाया जाता है क्योंकि ........
A
हाइड्रोजन आंशिक धनावेश और ऑक्सीजन आंशिक ऋणावेश वहन करता है।
B
इसमें ध्रुवीयता का गुण होता है।
C
अणुओं के बीच हाइड्रोजन-बंध होता है।
D
$H$ और $O$ के बीच की दूरी $95.84 \text{ pm}$ है।

Solution

(C) जल $(H_2O)$ के अणु ऑक्सीजन और हाइड्रोजन परमाणुओं के बीच विद्युत ऋणात्मकता के अंतर के कारण ध्रुवीय होते हैं।
यह ध्रुवीयता जल के निकटवर्ती अणुओं के बीच हाइड्रोजन-बंध के निर्माण की ओर ले जाती है।
ये अंतर-आणविक हाइड्रोजन-बंध इतने मजबूत होते हैं कि वे जल को कमरे के तापमान पर तरल अवस्था में बनाए रखते हैं, जबकि हाइड्रोजन-बंध के बिना समान आकार के अणु आमतौर पर गैस होते हैं।
184
EasyMCQ
जैव अणुओं (Biomolecules) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सत्य $\text{नहीं}$ है?
A
उनका आणविक भार $10,000$ डाल्टन या उससे अधिक होता है।
B
उन्हें दो प्रकारों में वर्गीकृत किया गया है: सरल सूक्ष्म अणु और महाअणु।
C
उनमें प्राथमिक या द्वितीयक उपापचयी अणु शामिल होते हैं।
D
प्राकृतिक उत्पादों को जैव अणु नहीं माना जा सकता है।

Solution

(D) जैव अणु सजीवों में पाए जाने वाले कार्बनिक यौगिक हैं। कथन $D$ सत्य $\text{नहीं}$ है क्योंकि प्राकृतिक उत्पाद (जैसे एल्कलॉइड,फ्लेवोनोइड्स,रबर,आवश्यक तेल आदि) द्वितीयक उपापचयी अणु होते हैं और वे जैव अणुओं का ही एक हिस्सा हैं। अन्य कथन सही हैं: जैव अणुओं को सूक्ष्म और महाअणुओं में वर्गीकृत किया जाता है,इनमें प्राथमिक और द्वितीयक उपापचयी अणु शामिल होते हैं,और महाअणुओं का आणविक भार आमतौर पर $10,000$ डाल्टन या उससे अधिक होता है।
185
MediumMCQ
निम्नलिखित में से कौन सी संरचना ग्लिसरॉल की है?
A
Option A
B
Option B
C
Option C
D
Option D

Solution

(B) ग्लिसरॉल एक सरल पॉलीओल यौगिक है। इसका रासायनिक सूत्र $C_3H_8O_3$ है।
इसमें तीन कार्बन की रीढ़ होती है,जहाँ प्रत्येक कार्बन परमाणु एक हाइड्रॉक्सिल $(-OH)$ समूह से जुड़ा होता है।
इसका संरचनात्मक सूत्र $CH_2OH-CHOH-CH_2OH$ है।
विकल्प $B$ इस संरचना को सही ढंग से दर्शाता है।
186
MediumMCQ
बेमेल युग्म ज्ञात कीजिए।
A
फ्रुक्टोज - कीटोहेक्सोज शर्करा
B
लैक्टोज - ग्लूकोज + गैलेक्टोज
C
स्टार्च - $n$ (ग्लूकोज)
D
$ATP$ - रिबुलोज

Solution

(D) $1$. फ्रुक्टोज एक कीटोहेक्सोज शर्करा है,जो सही है।
$2$. लैक्टोज एक डाइसैकेराइड है जो ग्लूकोज और गैलेक्टोज से बना होता है,जो सही है।
$3$. स्टार्च एक पॉलीसैकेराइड (बहुलक) है जो ग्लूकोज की कई इकाइयों ($n$ इकाइयों) से बना होता है,जो सही है।
$4$. $ATP$ (एडेनोसिन ट्राइफॉस्फेट) में एक एडेनाइन बेस,एक राइबोज शर्करा और तीन फॉस्फेट समूह होते हैं। यह रिबुलोज से नहीं बना होता है। इसलिए,'$ATP$ - रिबुलोज' का युग्म गलत है।
187
MediumMCQ
दी गई आकृति में '$X$' और '$Y$' क्रमशः क्या हैं?
Question diagram
A
$X-$ सहसंयोजक बंध,$Y-$ आयनिक बंध
B
$X-$ आयनिक बंध,$Y-$ सहसंयोजक बंध
C
$X-$ हाइड्रोजन बंध,$Y-$ सहसंयोजक बंध
D
$X-$ सहसंयोजक बंध,$Y-$ हाइड्रोजन बंध

Solution

(C) यह आकृति पानी $(H_2O)$ के दो अणुओं के बीच की परस्पर क्रिया को दर्शाती है।
$X$ उस बिंदुदार रेखा की ओर संकेत करता है जो एक पानी के अणु के विद्युत-ऋणात्मक ऑक्सीजन परमाणु और दूसरे पानी के अणु के विद्युत-धनात्मक हाइड्रोजन परमाणु के बीच के आकर्षण को दर्शाती है,जिसे हाइड्रोजन बंध कहते हैं।
$Y$ एक ही पानी के अणु में ऑक्सीजन परमाणु और हाइड्रोजन परमाणु को जोड़ने वाली ठोस रेखा की ओर संकेत करता है,जो एक सहसंयोजक बंध है।
अतः,$X$ एक हाइड्रोजन बंध है और $Y$ एक सहसंयोजक बंध है।
188
MediumMCQ
जीवों की विभिन्न प्रजातियों में देखी जाने वाली विभिन्नताएँ उनमें मौजूद ......... के कारण होती हैं।
A
अजैविक अणुओं में भिन्नता
B
जैव अणुओं में समानता
C
जैव अणुओं की उपस्थिति
D
जैव अणुओं में भिन्नता

Solution

(D) सभी जीवित जीवों की मूलभूत रासायनिक संरचना उल्लेखनीय रूप से समान होती है,जिसमें प्रोटीन,न्यूक्लिक एसिड,कार्बोहाइड्रेट और लिपिड जैसे समान प्रकार के जैव अणु (biomolecules) शामिल होते हैं। हालाँकि,विभिन्न प्रजातियों के बीच देखी जाने वाली विशिष्ट विभिन्नताएँ मुख्य रूप से इन जैव अणुओं की संरचना,अनुक्रम और सांद्रता में अंतर के कारण होती हैं। इसलिए,सही उत्तर $D$ है।
189
MediumMCQ
जीवित जीवों की विभिन्न प्रजातियों में पाई जाने वाली विविधताओं का कारण क्या है?
A
उनके जैविक अणुओं में भिन्नता के कारण
B
विभिन्न आवासों के कारण
C
विभिन्न पोषण विधियों के कारण
D
विभिन्न विकासवादी प्रक्रियाओं के कारण

Solution

(A) जीवित जीवों की विभिन्न प्रजातियों में देखी जाने वाली विविधताएं मुख्य रूप से उनके जैविक अणुओं,विशेष रूप से प्रोटीन और न्यूक्लिक एसिड ($DNA$ और $RNA$) के अनुक्रम और संरचना में अंतर के कारण होती हैं। हालांकि आवास,पोषण और विकास इन जीवों को आकार देने में भूमिका निभाते हैं,लेकिन विविधता का मौलिक आणविक आधार प्रत्येक प्रजाति के भीतर मौजूद जैविक अणुओं की अनूठी संरचना में निहित है।
190
EasyMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा प्यूरीन प्रकार का नाइट्रोजनस बेस है?
A
साइटोसिन
Option A
B
ग्वानिन
Option B
C
थाइमिन
Option C
D
ग्वानिन
Option D

Solution

(B) नाइट्रोजनस बेस को दो प्रकारों में वर्गीकृत किया गया है: प्यूरीन और पिरिमिडीन।
प्यूरीन दोहरी वलय संरचनाएं हैं (एक छह-सदस्यीय वलय और एक पांच-सदस्यीय वलय आपस में जुड़े होते हैं),जिसमें एडेनिन और ग्वानिन शामिल हैं।
पिरिमिडीन एकल वलय संरचनाएं हैं (एक छह-सदस्यीय वलय),जिसमें साइटोसिन,थाइमिन और यूरेसिल शामिल हैं।
विकल्प $A$ साइटोसिन (पिरिमिडीन) को दर्शाता है।
विकल्प $B$ और $D$ ग्वानिन (प्यूरीन) को दर्शाते हैं।
विकल्प $C$ थाइमिन (पिरिमिडीन) को दर्शाता है।
अतः,ग्वानिन प्यूरीन प्रकार का नाइट्रोजनस बेस है।
191
EasyMCQ
$ADP$ का अणु $ATP$ के अणु से किस प्रकार भिन्न है?
A
इसमें एक फॉस्फेट समूह कम होता है।
B
इसमें थाइमिन के स्थान पर डायमाइन होता है।
C
इसमें फॉस्फेट-बंध अधिक होते हैं।
D
इसमें विद्युत सक्रियता कम होती है।

Solution

(A) $ATP$ का अर्थ एडेनोसिन ट्राइफॉस्फेट है,जिसमें एडेनोसिन अणु से तीन फॉस्फेट समूह जुड़े होते हैं।
$ADP$ का अर्थ एडेनोसिन डाइफॉस्फेट है,जिसमें एडेनोसिन अणु से दो फॉस्फेट समूह जुड़े होते हैं।
अतः,मुख्य अंतर यह है कि $ATP$ की तुलना में $ADP$ में एक फॉस्फेट समूह कम होता है।
192
EasyMCQ
निम्नलिखित में से डीऑक्सीराइबोज शर्करा की सही संरचना कौन सी है?
A
Option A
B
Option B
C
Option C
D
Option D

Solution

(B) डीऑक्सीराइबोज एक पेंटोज शर्करा ($5$ कार्बन वाली शर्करा) है जो $DNA$ में पाई जाती है।
इसका रासायनिक सूत्र $C_5H_{10}O_4$ है।
राइबोज शर्करा के विपरीत,जिसमें $2'$ और $3'$ दोनों स्थितियों पर हाइड्रॉक्सिल $(-OH)$ समूह होता है,डीऑक्सीराइबोज में $2'$ स्थिति पर एक ऑक्सीजन परमाणु कम होता है।
$2$-डीऑक्सी-$D$-राइबोज की संरचना में,$2'$ कार्बन परमाणु एक हाइड्रोजन और एक हाइड्रॉक्सिल समूह के बजाय दो हाइड्रोजन परमाणुओं $(-H)$ से जुड़ा होता है।
संरचना $B$ इसे सही ढंग से दर्शाती है,जिसमें $2'$ कार्बन पर दो हाइड्रोजन परमाणु और $3'$ कार्बन पर एक हाइड्रॉक्सिल समूह दिखाई देता है।
193
MediumMCQ
दिए गए नाइट्रोजनस बेस की संरचना में "a" और "b" क्या दर्शाते हैं?
Question diagram
A
a = $C=O$; b = $NH$
B
a = $NH$; b = $C=O$
C
a = $C=O$; b = $C=O$
D
a = $NH$; b = $NH$

Solution

(A) दी गई संरचना थाइमिन ($5$-मिथाइल्यूरेसिल) को दर्शाती है।
थाइमिन के पिरिमिडीन वलय में, "a" के रूप में चिह्नित स्थान एक कार्बोनिल समूह $(C=O)$ है और "b" के रूप में चिह्नित स्थान एक इमिनो समूह $(NH)$ है।
अतः, "a" $C=O$ को दर्शाता है और "b" $NH$ को दर्शाता है।
194
MediumMCQ
दी गई संरचना किस नाइट्रोजनस बेस (नाइट्रोजन क्षार) को दर्शाती है?
Question diagram
A
थायमीन
B
एडेनीन
C
साइटोसिन
D
यूरेसिल

Solution

(D) दी गई संरचना एक पिरिमिडीन वलय को दर्शाती है जिसमें $2$ और $4$ स्थान पर दो कार्बोनिल समूह होते हैं।
यह विशिष्ट संरचना यूरेसिल की है।
थायमीन $5$-मिथाइलयूरेसिल है,जिसमें $5$वें स्थान पर एक मिथाइल समूह होता है।
साइटोसिन में $4$थे स्थान पर कार्बोनिल समूह के बजाय एक अमीनो समूह होता है।
एडेनीन एक प्यूरीन है,जो दो वलय वाली संरचना से बना होता है।
अतः,सही विकल्प $D$ है।
195
EasyMCQ
दी गई संरचना किस कार्बनिक घटक की है?
Question diagram
A
ग्लूकोज
B
राइबोज
C
थायमीन
D
यूरेसिल

Solution

(D) दी गई रासायनिक संरचना एक पिरिमिडीन बेस को दर्शाती है।
विशेष रूप से,यह यूरेसिल की संरचना है,जो $RNA$ में पाया जाने वाला एक नाइट्रोजनयुक्त बेस है।
इसमें $1$ और $3$ स्थिति पर दो नाइट्रोजन परमाणुओं और $2$ और $4$ स्थिति पर दो कार्बोनिल समूहों के साथ एक छह-सदस्यीय वलय संरचना होती है।
थायमीन $5$-मिथाइल यूरेसिल है,जिसमें $5$वीं स्थिति पर एक मिथाइल समूह होता है,जबकि दी गई संरचना में यह समूह अनुपस्थित है।
इसलिए,सही विकल्प $D$ है।
196
MediumMCQ
निम्नलिखित विकल्पों में से एडेनिन की सही संरचना कौन सी है?
A
Option A
B
Option B
C
Option C
D
Option D

Solution

(A) एडेनिन एक प्यूरीन बेस है जो न्यूक्लिक एसिड ($DNA$ और $RNA$) में पाया जाता है।
इसकी रासायनिक संरचना में एक फ्यूज्ड पिरिमिडीन और इमिडाज़ोल रिंग सिस्टम होता है।
विशेष रूप से,यह $6$-अमीनोप्यूरीन है।
विकल्प $A$ एडेनिन की सही संरचना को दर्शाता है,जिसमें प्यूरीन रिंग की $6$ वीं स्थिति पर एक अमीनो समूह $(-NH_2)$ जुड़ा होता है।
विकल्प $B$ थाइमिन है,विकल्प $C$ गुआनिन है और विकल्प $D$ यूरेसिल है।
197
EasyMCQ
निम्नलिखित विकल्पों में से कौन सा साइटोसिन की सही संरचना को दर्शाता है?
A
Option A
B
Option B
C
Option C
D
Option D

Solution

(A) साइटोसिन $DNA$ और $RNA$ में पाया जाने वाला एक पिरिमिडीन नाइट्रोजनयुक्त क्षार है।
इसकी रासायनिक संरचना में छह-सदस्यीय विषमचक्रीय वलय होती है जिसमें $1$ और $3$ स्थान पर दो नाइट्रोजन परमाणु होते हैं।
इसमें $4$थे स्थान पर एक अमीनो समूह $(-NH_2)$ और $2$रे स्थान पर एक कार्बोनिल समूह $(=O)$ होता है।
दिए गए विकल्पों में से,विकल्प $A$ में दी गई संरचना साइटोसिन के सही रासायनिक सूत्र $(C_4H_5N_3O)$ को दर्शाती है।
विकल्प $C$ यूरेसिल की संरचना है,जबकि अन्य विकल्प गलत हैं।
198
MediumMCQ
दी गई संरचना में '$a$' और '$b$' क्या दर्शाते हैं?
Question diagram
A
$a = (>C=O); b = -NH$
B
$a = (>C=O); b = (>C=O)$
C
$a = -CH_2; b = -NH$
D
$a = -NH; b = -NH$

Solution

(A) दी गई संरचना ग्वानिन (Guanine) है,जो एक प्यूरीन नाइट्रोजनस बेस है।
ग्वानिन की संरचना में,'$a$' के रूप में चिह्नित स्थान ऑक्सीजन के साथ द्वि-आबंध बनाने वाले कार्बन परमाणु के अनुरूप है,जिसे $(>C=O)$ के रूप में दर्शाया जाता है।
'$b$' के रूप में चिह्नित स्थान इमिडाज़ोल वलय से जुड़े नाइट्रोजन परमाणु के अनुरूप है,जिसे $-NH$ के रूप में दर्शाया जाता है।
अतः,सही विकल्प $a = (>C=O)$ और $b = -NH$ है।
199
MediumMCQ
न्यूक्लिक एसिड की संरचना में फॉस्फोरिक एसिड निम्नलिखित में से किस रूप में शामिल होता है?
A
Option A
B
Option B
C
Option C
D
Option D

Solution

(A) न्यूक्लिक एसिड ($DNA$ और $RNA$) न्यूक्लियोटाइड्स के बहुलक (polymers) हैं। एक न्यूक्लियोटाइड में एक नाइट्रोजनयुक्त क्षार,एक पेंटोज शर्करा और एक फॉस्फेट समूह होता है। फॉस्फेट समूह फॉस्फोरिक एसिड $(H_3PO_4)$ से प्राप्त होता है। न्यूक्लियोटाइड की संरचना में,फॉस्फोरिक एसिड एक फॉस्फेट समूह $(PO_4^{3-})$ के रूप में शामिल होता है। फॉस्फोरिक एसिड $(H_3PO_4)$ की रासायनिक संरचना में एक केंद्रीय फास्फोरस परमाणु होता है जो एक ऑक्सीजन परमाणु के साथ द्वि-आबंध (double bond) द्वारा और तीन हाइड्रॉक्सिल $(-OH)$ समूहों के साथ एकल-आबंध (single bond) द्वारा जुड़ा होता है। विकल्प $A$ फॉस्फोरिक एसिड $(H_3PO_4)$ की संरचना को सही ढंग से दर्शाता है जैसा कि यह न्यूक्लिक एसिड की रीढ़ में एस्टर बॉन्ड बनाने से पहले अपने मानक रूप में मौजूद होता है।
200
MediumMCQ
निम्नलिखित में से कौन सी संरचना एक राइबोन्यूक्लियोसाइड का प्रतिनिधित्व करती है?
A
Option A
B
Option B
C
Option C
D
Option D

Solution

(A) एक न्यूक्लियोसाइड एक पेंटोज शर्करा से जुड़े नाइट्रोजनयुक्त क्षार से बना होता है। एक राइबोन्यूक्लियोसाइड में विशेष रूप से राइबोज शर्करा होती है,जिसमें पेंटोज वलय के $2'$ और $3'$ दोनों स्थानों पर हाइड्रॉक्सिल $(-OH)$ समूह होता है।
$1$. संरचना $A$ एक नाइट्रोजनयुक्त क्षार (एडेनिन) को राइबोज शर्करा (जिसमें $2'$ और $3'$ दोनों स्थानों पर $-OH$ समूह हैं) से जुड़ा हुआ दिखाती है,जो एक राइबोन्यूक्लियोसाइड (एडेनोसिन) है।
$2$. संरचना $B$ एक नाइट्रोजनयुक्त क्षार को डीऑक्सीराइबोज शर्करा (जिसमें $2'$ स्थान पर $-OH$ समूह का अभाव है) से जुड़ा हुआ दिखाती है,जो एक डीऑक्सीराइबोन्यूक्लियोसाइड है।
$3$. संरचना $C$ एक न्यूक्लियोटाइड (क्षार + शर्करा + फॉस्फेट समूह) को दर्शाती है।
$4$. संरचना $D$ एक न्यूक्लियोसाइड का सामान्य निरूपण है,लेकिन संरचना $A$ विशेष रूप से सही शर्करा विन्यास के साथ एक राइबोन्यूक्लियोसाइड को दर्शाती है।

Biomolecules — Mix Examples- Biomolecules · Frequently Asked Questions

1Are these Biomolecules questions useful for JEE and NEET?

Yes. All questions in this section are mapped to JEE Main and NEET exam patterns. Previous year questions from JEE Main, NEET, GUJCET and state-level exams are included with full solutions.

2Can I switch to Hindi or Gujarati for these questions?

Yes. Use the language tabs in the hero section or the sidebar to view the same questions and solutions in English, Hindi or Gujarati.

3How do I generate a question paper from this subtopic?

Use the Vedclass Exam Paper Generator — select the chapter and subtopic, set difficulty, and generate Sets A, B, C, D automatically. First 3 chapters of every subject are free.

Vedclass Products

For Students

Vedclass Test Series

Mock tests in real JEE/NEET style with performance analysis. 5-day free trial.

Start Free Trial
For Teachers

Exam Paper Generator

Generate Set A/B/C/D papers from this chapter in 2 minutes. 3 chapters free.

Try Free
For Institutes

Online Exam Module

Live online exams with unlimited students, 360° analytics & white-label branding.

See Demo
For Teachers & Institutes

Generate a Biomolecules Exam Paper in 2 Minutes

Select subtopic & difficulty — Sets A, B, C, D auto-generated with No Repeat logic.

First 3 chapters of every subject are free — no payment required.